Menu Bar

Tuesday, February 28, 2017

हिस्टीरिया का प्राकृतिक चिकित्सा द्वारा उपचार


  • किसी स्त्री में हिस्टीरिया रोग के लक्षण नज़र आते ही उसे तुरन्त किसी मनोचिकित्सक से इस रोग का इलाज कराना चाहिए।
  • हिस्टीरिया के रोगी को गुस्से में या किसी और कारण से मारना नहीं चाहिए क्योंकि इससे उसे और ज़्यादा मानसिक और शारीरिक कष्ट हो सकते हैं।
  • एक बात का ख़ासतौर पर ध्यान रखना चाहिए कि हिस्टीरिया रोगी अपने आपको किसी तरह का नुकसान ना पहुंचा पाए।

Monday, February 27, 2017

हिस्टीरिया और मिर्गी में अंतर


अक्सर लोग हिस्टीरिया और मिर्गी के दौरे मे अन्तर नहीं समझ पाते। मिर्गी के दौरे में रोगी को अचानक दौरा पड़ता है, रोगी कहीं पर भी रास्ते में, बस में, घर पर गिर जाता है, उसके दांत भिंच जाते हैं जिससे उसके होठ और जीभ भी दांतों मे आ जाते हैं जबकि हिस्टीरिया रोग मे ऐसा नहीं होता है रोगी को हिस्टीरिया का दौरा पड़ने से पहले ही महसूस हो जाता है और वो कोई सुरक्षित सा स्थान देखकर वहां पर लेट सकता है, उसके दांत भिचने पर होठ और

Sunday, February 26, 2017

हिस्टीरिया (Hysteria) होने के कारण

हिस्टीरिया रोग कई कारणों की वजह से होता है। हिस्टीरिया के रोग का कारण अधिक चिंता और मानसिक तनाव होता है। स्त्रियों को हिस्टीरिया का रोग किसी तरह के सदमे, चिन्ता, प्रेम में असफलता, मानसिक दु:ख और किसी दुख का गहरा आघात होने से अधिक होता है। स्त्रियों की यौन-उत्तेजना बढ़ने के कारण भी हिस्टीरिया रोग के लक्षण पैदा हो जाया करते हैं। बहुत सी स्त्रियों को जरायु (गर्भावस्था) में विकार या गर्भाशय या डिम्बकोष में गड़बड़ी होने के कारण भी हिस्टीरिया रोग हो जाया करता है।

Saturday, February 25, 2017

हिस्टीरिया | HYSTERIA


हिस्टीरिया (HYSTERIA) (गुल्म-रोग / गुल्यवायु) रोग `न्यूरोसिस´ की ही एक किस्म है इसलिए इसे दिमागी बीमारी कहते हैं। हिस्टीरिया का रोग ज़्यादातर स्त्रियों को होने वाला एक दिमागी रोग होता है। इसको स्त्रियों का मानसिक रोग भी कहा जाता है। यह रोग 15-20 साल की युवतियों को अधिक होता है। हिस्टीरिया रोग में स्त्रियों को मिर्गी के समान ही बेहोशी के दौरे आते हैं।

Friday, February 24, 2017

जानवर के काटने पर घरेलू उपचार


अलग-अलग प्रकार के जन्तु दंश यानी किसी जानवर के काटने पर अलग-अलग प्राथमिक उपचार होता है। ततैया, भँवरी, बिच्छू काटने की घटनाओं में भयंकर पीड़ा होती है। सबसे पहले प्रयास करके डंक को निकाल देना चाहिए। उसके बाद डंक वाले स्थान से ऊपर के भाग को डोरी अथवा कपड़े से कसकर बाँध देना चाहिए।

Thursday, February 23, 2017

साँवला रंग | Dark Color


आंवले का मुरब्बा एक बड़ा नग प्रतिदिन प्रातः काल दो तीन महिने सेवन करने से रंग निखरता है। क्रोध, घृणा, इर्ष्या आदि मनो विकारों से रक्त-विकार उत्पन्न होता है और रक्त दूषित होने से त्वचा का रंग काला पड़ने लगता हैं। अतः मलीन अश्लील और कामुक विचारों से बचने तथा सदाचार और पवित्र विचारों को अपनाने से सौंदर्य विकसित होता है।

Wednesday, February 22, 2017

साँवला रंग | Dark Color


गाजर एवं सेव के कद्दूकस किए गए लच्छों को मिलाकर सेवन करने से त्वचा स्निग्ध वर्ण उज्ज्वल, कपोल लाल और चेहरा गुलाब के फूल जैसा मुलायम हो जाता है।

Tuesday, February 21, 2017

साँवला रंग | Dark Color


इमली 60 ग्राम लेकर 250ग्राम पानी में फूलने दें। उसे मसल कर चटनी के समान बना लें। इसे शरीर की त्वचा पर मल कर दस-पन्द्रह मिनट बाद स्नान किया जाय तो कुछ ही दिनों में काला व्यक्ति गोरा होने लगता है। तथा झांई, दाग, पित्ती आदि से छुट- कारा मिल जाता है। गर्मियों के मौसम में सप्ताह में दो बार आवश्यकतानुसार तीन-चार सप्ताह तक यह प्रयोग कर सकते है ।

Monday, February 20, 2017

साँवला रंग | Dark Color


एक बाल्टी ठंडे जल में दो नींबू का रस मिलाकर गर्मियों में निरन्तर कुछ महिने स्नान करें। शीतकाल में हल्के गर्म पानी में नींबू निचोडकर स्नान कर सकते है।
नींबू मिश्रित जल से स्नान करने से रोम-छिद्र स्वतः ही खुल जाते है और त्वचा का रंग गोरा होने लगता है । त्वचा के गौरवर्ण होने के साथ-साथ त्वचा सम्बन्धी कई रोगों से भी छुट-कारा मिल जाता है ।

Sunday, February 19, 2017

कैंसर | Cancer


कैंसर रोग से पीड़ित रोगी के लिए कुछ परहेज:-

  • इस रोग से पीड़ित रोगी को भूख से अधिक और गरम खाना नहीं खाना चाहिए।
  • इस रोग से पीड़ित रोगी को मांस नहीं खाना चाहिए।

Saturday, February 18, 2017

कैंसर | Cancer


कैंसर रोग का प्राकृतिक चिकित्सा से उपचार:-

कैंसर रोग से पीड़ित रोगी का उपचार करने के लिए सबसे पहले उसके शरीर पर स्थानीय उपचार करने के साथ-साथ पूरे शरीर का उपचार करना चाहिए ताकि उसका शरीर दोषमुक्त हो सके।

Thursday, February 16, 2017

कैंसर | Cancer


कैंसर रोग होने का कारण:-

  • कैंसर रोग होने का सबसे प्रमुख कारण दूषित भोजन का सेवन करना है।
  • धूम्रपान करने से या धूम्रपान करने वाले के संग रहने से कैंसर रोग हो सकता है। गुटका, पान मसाला, शराब तथा तम्बाकू का सेवन करने से कैंसर रोग हो सकता है।
  • अधिक (श्रम) कार्य करना तथा आराम की कमी के कारण भी कैंसर रोग हो सकता है।

कैंसर | Cancer


कैंसर रोग होने के लक्षण-

जब किसी व्यक्ति को कैंसर रोग हो जाता है तो उस व्यक्ति के मलमूत्र की आदत में काफी अन्तर आ जाता है।इस रोग के होने पर व्यक्ति को खांसी या गले में बार-बार घरघराहट होती रहती है। इस रोग में रोगी के शरीर का वजन दिन-प्रतिदिन गिरने लगता है।

Wednesday, February 15, 2017

कैंसर | Cancer


परिचय:-

कैंसर एक बहुत खतरनाक बीमारी है। यह शरीर के किसी भी भाग में एक गांठ के रूप में दिन-प्रतिदिन बढ़ने वाली बीमारी है। जब तक इस रोग के होने का लक्षण पता चलता है तब तक तो यह बीमारी शरीर में बहुत ज्यादा फैल चुकी होती है। यदि कैंसर रोग शरीर के किसी भी अंग में दिखाई देता है तो भी यह पूरे शरीर का रोग है इसलिए इसका उपचार करते समय यह ध्यान देना जरूरी है कि इसका इलाज स्थानीय उपचार करने के साथ-साथ पूरे शरीर को दोषमुक्त बनाने के लिए करना चाहिए। इस रोग से बचने के लिए जैसे ही इसके लक्षण पता चले तुरन्त ही इसका इलाज शुरू कर देना चाहिए।

Tuesday, February 14, 2017

हर्निया | Hernia


पेट में हर्निया आने से एसिडिटी और गैस काफी बनने लगती है। इस स्थिति मेंम बबूने के फूल (Chamomile) के सेवन से काफी आराम मिलता है। यह पाचन तंत्र को ठीक करता है और एसिड बनने की प्रक्रिया को कम करता है।

Monday, February 13, 2017

हर्निया | Hernia


अदरक की जड़ (Ginger Root) पेट में गैस्ट्रिक एसिड और बाइल जूस से हुए नुकसान से सुरक्षा करता है। यह हर्निया से हुए दर्द में भी काम करता है।

Sunday, February 12, 2017

हर्निया | Hernia


कफ, खांसी में मुलैठी (Licorice) रामबाण की तरह काम करता है और आजमाय हुआ भी है।
हर्निया के इलाज में भी अब यह कारगर साबित होने लगा है, खासकर पेट में जब हर्निया निकलने के बाद रेखाएं पड़ जाती है तब इसे आजमाएं।

Saturday, February 11, 2017

हर्निया के घरेलू इलाज | Home Remedies for Hernia


अगर हर्निया बड़ी हो, उसमें सूजन हो और काफी दर्द हो रहा हो तो बिना सर्जरी के इसका इलाज संभव नहीं है। लोकिन हर्निया के लक्षण पता लगने पर आप उसे घरेलू इलाज से कम कर सकते हैं। हालांकि, इन घरेलू उपायों से सिर्फ प्राथमिक इलाज ही संभव है और इसे आजमाने पर कभी उल्टे परिणाम भी हो सकते हैं। इसलिए घरेलू इलाज आजमाने से पहले डॉक्टर से जरुर संपर्क कर लें।


हर्निया के इलाज के लिए कुछ घरेलू नुस्ख़े निम्नलिखित हैं :-

Friday, February 10, 2017

हर्निया | Hernia


हर्निया को कैसे पहचाने :-
पेट की मांसपेशिया या कहें पेट की दीवार कमजोर हो जाने से जब आंत बाहर निकल आती है तो उसे हर्निया कहते हैं। वहां एक उभार हो जाता है, जिसे आसानी से देखा जा सकता है। लंबे समय से खांसते रहने या लगातार भारी सामान उठाने से भी पेट की मांसपेशिया कमजोर हो जाती है। ऐसी स्थिति में हर्निया की संभावना बढ़ जाती है। इसके कोई खास लक्षण नहीं होते हैं लेकिन कुछ लोग सूजन और दर्द का अनुभव करते हैं, जो खड़े होने पर और मांसपेशियों में खिंचाव होने या कुछ भारी सामान उठाने पर बढ़ सकता है।

Thursday, February 09, 2017

कब्ज रोग का प्राकृतिक चिकित्सा से उपचार


कब्ज रोग का उपचार करने के लिए कभी भी दस्त लाने वाली औषधि का सेवन नहीं करना चाहिए बल्कि कब्ज रोग होने के कारणों को दूर करना चाहिए और फिर प्राकृतिक चिकित्सा से इसका उपचार कराना चाहिए। कब्ज के रोग को ठीक करने के लिए चोकर सहित आटे की रोटी तथा हरी पत्तेदार सब्जियां चबा-चबाकर खानी चाहिए। अधिक से अधिक बिना पका हुआ भोजन करना चाहिए। अंकुरित अन्न का अधिक सेवन करने से रोगी व्यक्ति को बहुत लाभ मिलता है। रोगी व्यक्ति को अधिक से अधिक फलों का सेवन करना चाहिए ये फल इस प्रकार हैं- पपीता, संतरा, खजूर, नारियल, अमरूद, अंगूर, सेब, खीरा, गाजर, चुकन्दर, बेल, अखरोट, अंजीर आदि।

Wednesday, February 08, 2017

कब्ज होने के कारण


तली हुई चीजों का अधिक सेवन करने के कारण कब्ज रोग हो जाता है।
मल तथा पेशाब के वेग को रोकने से कब्ज रोग हो सकता है।
ठंडी चीजे जैसे- आइसक्रीम, पेस्ट्री, चाकलेट तथा ठंडे पेय पदार्थ खाने से कब्ज रोग हो सकता है।
दर्दनाशक दवाइयों का अधिक सेवन करने के कारण कब्ज रोग हो जाता है।

Tuesday, February 07, 2017

कब्ज रोग का लक्षण


कब्ज रोग से पीड़ित रोगी को रोजाना मलत्याग नहीं होता है। कब्ज रोग से पीड़ित रोगी जब मल का त्याग करता है तो उसे बहुत अधिक परेशानी होती है। कभी-कभी मल में गांठे बनने लगती हैं। जब रोगी मलत्याग कर लेता है तो

Monday, February 06, 2017

कब्ज | Constipation


परिचय:-

कब्ज रोग होने की असली जड़ भोजन का ठीक प्रकार से न पचना होता है। यदि पेट रोगों का घर होता है तो आंत विषैले तत्वों की उत्पति का स्थान होता है। यह बहुत से रोगों को जन्म देता है जिनमें कब्ज प्रमुख रोग होता है।

Sunday, February 05, 2017

नाशपाती के औषधीय गुण


अगर भूख नहीं लगती है तो नाशपाती को छीलकर, उसके छोटे-छोटे टुकड़े करके उन्हें हल्का-सा गर्म करके, उन पर भुना हुआ जीरा, काली मिर्च का चूर्ण और काला नमक मिलाकर सेवन करने से बहुत फायदा होता है। भूख भी तेजी से लगती है। पाचन क्रिया भी तीव्र होती है।

Saturday, February 04, 2017

अनचाहे बाल हटाएँ | Hair Remover


हल्दी को प्राकृतिक हेयर रिमूवर कहा जाए तो गलत नहीं होगा। यदि इसे काले चने के साथ मिला दिया जाए तो यह ज्यादा असरकारक हो जाता है।

Friday, February 03, 2017

अलसी | Linseed

दोस्तो अलसी से सभी लोग परिचित होंगे लेकिन उसके चमत्कारी फायदे से बहुत ही कम लोग परिचित हैं । 

अलसी शरीर को स्वस्थ रखती है व आयु बढ़ाती है, अलसी में 23 प्रतिशत ओमेगा-3 फेटी एसिड, 20 प्रतिशत प्रोटीन, 27 प्रतिशत फाइबर, लिगनेन, विटामिन बी ग्रुप, सेलेनियम, पोटेशियम, मेगनीशियम, जिंक आदि होते हैं

अलसी में रेशे भरपूर 27% पर शर्करा 1.8% यानी नगण्य होती है। इसलिए यह शून्य-शर्करा आहार कहलाती है और मधुमेह के लिए आदर्श आहार है

Thursday, February 02, 2017

लकवा | Paralysis

2 चम्मच अलसी +3 ग्लास पानी मिलाकर उबाल लें । जब अाधा पानी बचे तब छानकर पी लें । लगातार इस नियम को करने पर कुछ ही समय में लकवा ठीक हो जाता है ।

Wednesday, February 01, 2017

ब्लड शुगर | Blood Sugar

अगर आपको ब्लड शुगर, डायविटीज, मीठी पेशाव कि तकलिफ है तो आपके लिऐ अलसी किसी वरदान से कम नहीं है ।

2 चम्मच अलसी लेकर 2 ग्लास पानी में उबालें जब आधा पानी बचे तब छानकर सुबह खाली पेट पी लें।

सेहतमंद रहने के लिए रखे लिवर का खयाल !

शहरी भारतीयों के खानपान के तौर-तरीकों में हाल में बड़े बदलाव देखने को मिले हैं । ढेर सारे कार्बोहाइड्रेट, बिना रिफाइन किया हुआ आटा और कम वसा वाली खुराक के रुझान से अब उच्च वसायुक्त और कम अवशिष्ट वाली खुराक की ओर हो गया है ।

आधुनिक भारतीय आहार अत्यधिक कार्बोहाइड्रेट और वसायुक्त होता जा रहा है ।

सफ़ेद बाल | White Hair

1.  आंवले के चूरन को नींबू के रस में घोटकर लगाए । लगातार लगते रहने से बाल धीरे -धीरे काले होने लगते हैं ।

2. 2 चम्मच अलसी +3 ग्लास पानी मिलाकर उबाल लें । जब अाधा पानी बचे तब छानकर पी लें । लगातार यह काड़ा पीने से 3 महीने में सफेद बाल धीरे धीरे काले होने लगते हैं ।